- जिन्ना की भाषा बोल रहे है मुख्यमंत्री गहलोत
Jaipur News – भाजपा प्रदेशाध्यक्ष डाॅ. सतीश पूनियां (Satish Poonia)ने रविवार को भाजपा प्रदेश मुख्यालय पर पत्रकार वार्ता में कहा कि प्रदेश की कांग्रेस सरकार को प्रदेश की जनता हमेशा माताओं की कोख उजाड़ने वाली सरकार के रूप में याद रखेगी।
डाॅ. पूनियां ने कहा कि कोटा, बाड़मेर, बांसवाड़ा, बूंदी, अलवर, जोधपुर, बीकानेर एवं अजमेर इन सभी जिलों में बच्चों की मौतें हुई है। जबकि सरकार अभी तक हाथ पर हाथ धरे बैठी हुई है। कोटा में बच्चों की मौत का मामला जब सामने आया तब से 20 दिन तक सरकार के किसी भी मंत्री ने वहां जाकर अस्पताल का दौरा नहीं किया।
पूरे प्रदेशभर में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत (CM Ashok Gehlot)का गृह जिला जोधपुर भी अछूता नहीं है। इसके साथ ही सरकार द्वारा दिया गया नारा ‘‘निरोगी राजस्थान’’ यह सिर्फ कागजों, दीवारों एवं विज्ञापनों में ही दिखाई दे रहा है, धरातल पर केवल मात्र अस्पताल ही नहीं अपितु पूरे प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाएं रोग ग्रस्त पड़ी है। स्वयं मुख्यमंत्री मानसिक अवसाद से ग्रस्त है इसलिए उनकी सरकार अन्दरूनी कलह से त्रस्त है। यही कारण है कि कांग्रेस का पूरा नेतृत्व मोदी फोबिया से पस्त है।
डाॅ. पूनियां ने सचिन पायलट के बयान पर कहा कि जिम्मेदार जनप्रतिनिधि के नाते उन्होंने इस बात को स्वीकार किया कि सरकार में बच्चों की मौतों पर किसी की जिम्मेदारी तय होनी चाहिए। मैं उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट के इस बयान को एक परिपक्व बयान मानता हूँ। लेकिन इससे सियासी मतलब तो साफ तौर पर जाहिर है जो पार्टी गुटों में बंटी हुई हो, वह राजस्थान में सुशासन कैसे दे सकती है। जन-घोषणाओं को कैसे लागू कर सकती है, उस सरकार से न्याय की उम्मीद कैसे कर सकता है। इसलिए उनके बयान से अपनी सरकार को जब उन्होंने घेरा तो लोकतांत्रिक काम तो किया लेकिन उन्हीं की सरकार के चिकित्सा मंत्री ने आज अपनी जिम्मेदारी लेने के बजाय उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट जो कि सार्वजनिक निर्माण विभाग के भी मंत्री है, उन्हीं के विभाग की कमी बताकर अपनी जिम्मेदारियों से पल्ला झाड़ रहे है। ‘ऐसा लगता है धुएं के पीछे आग जरूर है।’
डाॅ. सतीश पूनियां ने गहलोत के ‘देश के टुकड़े हो जायेंगे’ इस बयान पर कड़ा ऐतराज जताते हुए कहा कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत मोहम्मद अली जिन्ना की भाषा बोल रहे है। गहलोत का यह बयान संवैधानिक पद पर बैठे व्यक्ति द्वारा मर्यादा के तौर पर देशद्रोह की संज्ञा में आता है। गहलोत का यह बयान देश के टुकड़े-टुकड़े करने की मंशा रखने वाली गैंग का समर्थन है, ऐसा लगता है कि कांग्रेस पार्टी टुकड़े-टुकड़े गैंग में मर्ज हो चुकी है, जो कि अशोभनीय और शर्मनाक है। डाॅ. पूनियां ने कहा कि गहलोत को अपने इस बयान पर राजस्थान ही नहीं अपितु हिन्दुस्तान की जनता से माफी मांगनी चाहिए।