Sant Phoolchand Bajaj Brahmalin
टोंक राजस्थान

संत फूलचंद बजाज ब्रह्मलीन

टोंक। टोंक शहर के रहने वाले संत निरंकारी मिशन के जोनल इंचार्ज संत फूलचंद बजाज का ब्रह्मलीन हो गए। रविवार को संत निरंकारी मिशन के जोनल इंचार्ज रहे फूलचंद बजाज की स्मृति में प्रेरणा दिवस के रूप में सत्संग समारोह का आयोजन दिल्ली से आये मेम्बर इंचार्ज (एकाउंट एण्ड फाइनेंस डिपार्टमेंट, संत निरंकारी मिशन दिल्ली) की अध्यक्षता में संत निरंकारी सत्संग भवन सवाई माधोपुर रोड,टोंक पर आयोजित किया गया।

जहां जिले एवं आसपास सहित दूरदराज से निरंकारी भक्तों का जनसैलाब उमड़ा नम आंखों से सभी ने फूलचंद बजाज की तस्वीर पर पुष्प चढ़ा कर अपने श्रद्धा सुमन अर्पित किए इस दौरान अनेकों वक्ता संत महापुरुषों ने उनके जीवन पर प्रकाश डालते हुए उनके जीवन से प्रेरणा लेने की बात की और बताया कि उनका हर कर्म पपरोपकार से भरा था.

हर करम में उनकी एक गहरी सीख छुपी थी छोटी से छोटी बात या बड़ी से बड़ी बात को भी वह आसानी से समझा कर महात्माओं का मन स्थिर करते हुए इस निराकार से जोडऩे का प्रयास करते थे, सुख हो या दुख हर एक को उन्होंने एक रस रहने की प्रेरणा दी। इस मौके पर दिल्ली,धौलपुर, सवाई माधोपुर, जयपुर, गंगापुर सिटी, भीलवाड़ा सहित अनेकों जिले और प्रांतों से लोगों ने पहुंचकर श्रद्धांजलि अर्पित की।

फूलचंद बजाज ने जिया सादा जीवन

उनके घर परिवार में सारी सुख सुविधाएं होते हुए भी फूलचंद बजाज ने एक सादा जीवन जी कर दिखाया कभी भी उन्होंने किसी भी चीज का दुरुपयोग ना करते हुए हमेशा प्रत्येक चीज का सदुपयोग ही किया कभी भी उन्होंने वीआईपी कल्चर जैसा जीवन जीना पसंद नहीं किया बल्कि वह हर मानव के साथ ऐसे घुलमिल जाते थे जैसे दूध में पानी जो भी व्यक्ति उनके सामने आता चाहे वह बच्चा,बूढ़ा या जवान वैसे ही उनके सामने वह बन जाते थे और उन्हें मार्गदर्शन देने का प्रयास करते थे कभी भी उन्होंने बाहर का खाना खाना पसंद नहीं किया बल्कि वह खाने में भी साधारण भोजन लिया करते थे।

साधन कोई भी रहा लेकिन सफर नहीं रुका

मिशन के प्रचार-प्रसार को लेकर उनके सामने कई दिक्कतें आई जैसे गाड़ी खराब हो जाना जहां रास्ता नहीं है वहां से गुजरना दिन हो या रात हो तमाम प्रकार की दिक्कतें उनके सामने बनी लेकिन उनका उद्देश्य एक ही रहा संत निरंकारी मिशन का संदेश हर जनमानस तक पहुंचाना है और उन्होंने वह करके भी दिखाया उन्होंने कार,मोटरसाइकिल, रेल पैदल यात्रा या साइकिल पर हर साधन को गुरु की कृपा मानकर उसे काम में लिया और मिशन का प्रचार प्रसार किया।

देश के अनेकों राज्यों में जाकर किया प्रचार प्रसार

संत निरंकारी मिशन के द्वारा राजस्थान व अन्य राज्यों पर प्रचार-पसार की सेवाएं लगाई जाती तो वह सत्य वचन मानते हुए देश के अनेकों राज्यों में गुरु का पैगाम लेकर चल पढ़ते थे। टोंक शहर के निवासी संत निरंकारी मिशन के जोनल इंचार्ज संत फूलचंद बजाज ने पंजाब, हरियाणा, गुजरात, महाराष्ट्र , मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, उत्तर प्रदेश सहित अनेकों राज्यों में मिशन का प्रचार प्रसार किया जहां आज भी लोग उन्हें याद करते हैं।

liyaquat Ali
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