PM Additional grant of 45 thousand rupees on installation of solar power pump plant to scheduled caste and scheduled tribe farmers from Kusum Yojna.
टोंक राजस्थान

सौर ऊर्जा पम्प संयंत्र से किसान चला सकेंगे घरेलू उपकरण, मिलेगा 60 प्रतिशत अनुदान

टोंक। राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत यूनिवर्सल सोलर पम्प कंट्रोलर आधारित कृषि उपकरण संचालन परियोजना के तहत किसान सौर ऊर्जा की बिजली से अन्य कृषि उपकरण यथा चाफ कटर, आटा चक्की, डीप फ्रिज, मिनी कोल्ड स्टोरेज, बल्क मिल्क चिलर, थ्रेसिंग व विनोइंग अथवा फल-सब्जी सुखाने की मशीन आदि चला सकेंगे। यूनिवर्सल सौलर पम्प कंट्रोलर लगाने के लिए सरकार द्वारा किसानों को 60 प्रतिशत अनुदान दिया जाएगा।
राज्य सरकार के उद्यान विभाग ने राष्ट्रीय कृषि विकास योजनान्तर्गत यूनिवर्सल सौलर पम्प कन्ट्रोलर आधारित कृषि उपकरण संचालन की योजना 2022-23 को लेकर दिशा निर्देश जारी किये हैं। इस योजना में जिन किसानों के 3 एच.पी. या 5 एच.पी. क्षमता तक सौर ऊर्जा पम्प संयंत्र लगे हुए है एवं पांच वर्ष पूर्ण हो गये हैं, उन्हे लाभान्वित किया जाएगा।

योजना का उद्देश्य

प्रदेश में सौर ऊर्जा की अपार संभावनाएं है, उद्यान विभाग द्वारा जिले के किसानों को अनुदान पर सौर ऊर्जा पम्प संयंत्र स्थापित कराये गये हैं। सामान्यतः कृषक इन सौर ऊर्जा पम्प संयंत्र का उपयोग सिंचाई के अलावा अन्य कार्यो के लिए उपयोग नही कर पा रहे है। इन सौर ऊर्जा संयंत्रो का उपयोग वर्ष में लगभग 150 दिन ही हो पाता है। शेष दिनों में सौलर पैनल द्वारा उत्पादित की जा रही सौर ऊर्जा का उपयोग नहीं हो पा रहा है।

जिस समय यह सौर ऊर्जा पम्प सिंचाई के उपयोग में नहीं लिया जा रहा है उस समय में उत्पादित होने वाली सौर ऊर्जा को कृषक अन्य कृषि उपकरणों यथा चाक कटर, आटा चक्की, डीप फ्रिज, मिनी कोल्ड स्टोरेज, बल्क मिल्क चिलर, थ्रेसिंग व विनोईंग अथवा फल सब्जी सुखाने की मशीन आदि चलाने में कर सकेंगे। इसके लिए यूनिवर्सल कन्ट्रोल आधारित कृषि उपकरण संचालन परियोजना राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत अनुदान उपलब्ध करवाये जाऐंगे।

परियोजना वर्ष 2022-23 में टोंक जिले को सामान्य श्रेणी में 40, अनुसूचित जाति में 12 एवं अनुसूचित जनजाति में 8 लक्ष्य कुल 60 लक्ष्य आवंटित किये गये हैं। विभाग द्वारा 3 एचपी. एवं 5 एच.पी. सौलर पम्प कन्ट्रोलर संयंत्र की बेस रेट क्रमशः 94 हजार 454 रूपये व 97 हजार 299 रूपये है। कृषक द्वारा हिस्सा राशि के रूप में 3 एच.पी. एवं 5 एच.पी. यूएसपीसी कन्ट्रोलर के लिए क्रमशः 37 हजार 782 एवं 38 हजार 920 रूपये डी.डी. के माध्यम से विभाग में जमा कराने होंगे।

Sameer Ur Rehman
Editor - Dainik Reporters http://www.dainikreporters.com/