राज्यसभा चुनावः 27 विधायक नहीं पहुंचे कांग्रेस की बाड़ेबंदी में, थिंक टैंक में चिंता

For the sixth time in the third term of the Gehlot government, instead of Jaipur, this time Udaipur was chosen.

जयपुर। राज्यसभा की 4 सीटों पर हो रहे हैं चुनाव में कांग्रेस भले ही 126 विधायकों के समर्थन के साथ आसानी से तीनों सीटों पर जीत के दावे करे लेकिन जिस तरह से कांग्रेस और समर्थित विधायकों की नाराजगी सामने आ रही है उससे कहीं न कहीं कांग्रेस थिंक टैंक की चिंता बढ़ी हुई है।

थिंक टैंक की चिंता इसलिए भी ज्यादा है चूंकि कांग्रेस खेमे के 27 विधायक ऐसे हैं जो अभी तक बाड़ेबंदी में नहीं पहुंचे हैं। इनमें कांग्रेस और समर्थित विधायक शामिल हैं। हालांकि कहा यह जा रहा है कि एक-दो दिन में सभी विधायक बाड़ेबंदी में पहुंच जाएंगे, लेकिन जिस तरह से बयानबाजी हो रही है और नाराजगी सामने आ रही है उससे कांग्रेस खेमे में हलचल मची हुई है।

कांग्रेस के 14 विधायक नहीं पहुंचे बाड़ेबंदी में
इधर कांग्रेस के 14 विधायक अभी तक भी बाड़ेबंदी में नहीं पहुंचे हैं। इन विधायकों में तीन मंत्री भी शामिल हैं जो विधायक बड़े बंदी में नहीं पहुंचे हैं उनमें खिलाड़ी लाल बैरवा, गिर्राज सिंह मलिंगा, राजेंद्र बिधूड़ी, अमीन कागजी, दानिश अबरार, भरत सिंह, प्रताप सिंह खाचरियावास, लालचंद कटारिया, दीपेंद्र सिंह, बाबूलाल बैरवा, वेद प्रकाश सोलंकी, भंवर लाल शर्मा, परसराम मोरदिया और मुरारी लाल मीणा हैं।

इन निर्दलीय विधायकों ने बनाई दूरी

वहीं जिन निर्दलीय विधायकों ने बाड़ेबंदी से दूरी बनाई हुई हैं उनमें बलजीत यादव, संयम लोढ़ा, रामकेश मीणा और ओम प्रकाश हुड़ला हैं। इनमें से रामकेश मीणा और संयम लोढ़ा तो मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के सलाहकारों में शुमार हैं।
यह विधायक बीमारी के चलते नहीं पहुंचे बाड़ेबंदी में
कांग्रेस खेमे के कई विधायक ऐसे भी हैं जो बीमारी के चलते बाड़ेबंदी में नहीं पहुंचे हैं। इनमें दीपेंद्र सिंह शेखावत, बाबूलाल बैरवा, वेद प्रकाश सोलंकी, भंवर लाल शर्मा और परसराम मोरदिया शामिल हैं।

इन विधायकों की आई नाराजगी सामने

वहीं जिन विधायकों की नाराजगी सामने आई है उनमें बसपा से कांग्रेस में आए वाजिब अली, मंत्री राजेंद्र गुढ़ा, संदीप यादव, लाखन मीणा, कांग्रेस विधायक खिलाड़ी लाल बैरवा, गिर्राज सिंह मलिंगा और राजेंद्र बिधूड़ी शामिल है।

सहयोगी दलों के चारों विधायक भी नहीं पहुंचे बाड़ेबंदी में

सियासी संकट के दौरान और इससे पहले हुए राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस का साथ देने सहयोगी दलों बीटीपी और माकपा के विधायक भी बाड़ेबंदी से इस बार दूरी बनाए हुए हैं। बीटीपी विधायक राजकुमार रौत और रामप्रसाद हैं। इसके अलावा माकपा विधायक बलवान पूनिया गिरधारी महिया भी बाड़ेबंदी में नहीं पहुंचे हैं।
आज मुख्यमंत्री पहुंचेंगे बाड़ेबंदी में
इधर मुख्यमंत्री अशोक गहलोत आज बाड़ेबंदी का जायजा लेने के लिए खुद उदयपुर पहुंचेंगे। मुख्यमंत्री गहलोत सुबह 10:30 बजे जयपुर से उदयपुर से रवाना होंगे और 11:30 बजे उदयपुर पहुंचेंगे, जहां पर वे ताज अरावली रिसोर्ट में चल रही कांग्रेस की बाड़ेबंदी में विधायकों से मुलाकात करेंगे। साथ ही बाड़ेबंदी की जिम्मेदारी देख रहे कैबिनेट मंत्री रामलाल जाट, कांग्रेस नेता धर्मेंद्र राठौड़ और विधायक रफीक खान के साथ चर्चा भी करेंगे।

यह मंत्री रुके हुए हैं जयपुर में इधर जो मंत्री जयपुर में रुके हुए हैं उन्हें कैबिनेट मंत्री प्रतापसिंह खाचरियावास लाल सिंह कटारिया विश्वेंद्र सिंह और मुरारी लाल मीणा शामिल है बताया जाता है कि चारों मंत्री सरकार का कामकाज देख रहे हैं।