जयपुर

गृहमंत्री ने ली मासिक समीक्षा बैठक : महिला अपराधों में गत वर्ष की तुलना में 9 प्रतिशत की कमी : गृहमंत्री

जयपुर । राजस्थान पुलिस द्वारा वांछित अपराधियों की धरपकड़ के विशेष अभियान के तहत इस वर्ष मई माह तक 79 हजार 347 वांछित अपराधियों की धरपकड़ की जा चुकी है। प्रदेश में मई माह तक महिला अपराधों में गत वर्ष की तुलना में 9 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है।

गृह मंत्री गुलाबचंद कटारिया ने बुधवार को पुलिस मुख्यालय में आयोजित मासिक समीक्षा बैठक के बाद यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि रात्रि गश्त को प्रभावशाली बनाने के साथ ही अपराध अन्वेषण में एकरूपता पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।

कटारिया ने कहा कि प्रदेश भर में अपराधों की प्रभावी रोकथाम एवं अपराधियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्यवाही सुनिश्चित करने के लिए अपराधियों की धरपकड़ के लिए विशेष अभियान संचालित किया गया है। इस अभियान के तहत गत वर्ष प्रदेश भर में मई माह तक 71 हजार अपराधियों की धरपकड़ की गई थी और इस वर्ष मई माह 79 हजार अपराधियों की धरपकड़ की जा चुकी है। उन्होंने बताया कि गतवर्ष कुल 2 लाख 50 हजार 86 अपराधियों को पकडा गया था। इस वर्ष मई एक लाख 2 हजार 775 अपराधियों पकडा जा चुका है।
गृहमंत्री ने बताया कि पुलिस द्वारा कानून व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग के लिए आमजन के साथ जन सहभागिता कार्यक्रम संचालित किया जा रहा है एवं इस कार्यक्रम के सार्थक परिणाम भी दृष्टिगोचर हो रहे हैं।

जन सहभागिता कार्यक्रम के तहत थाना अधिकारी सप्ताह में दो बार, वृताधिकारी सप्ताह में दो स्थानों पर एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक व पुलिस अधीक्षकगण सप्ताह में एक स्थान पर जाकर जनसहभागिता शिविरों में भाग ले रहे हैं। उन्होंने बताया कि अब तक आयोजित 4 हजार शिविरों में 1 लाख 80 हजार व्यक्ति भाग ले चुके हैं।
कटारिया ने बताया कि राजस्थान पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी अपनी फिटनेस के प्रति गंभीर हैं और सामान्यत: उनकी फिटनेस का स्तर अच्छा है।

उन्होंने पुलिस थाना स्तर पर भी फिटनेस के प्रति विशेष गंभीरता बरतने की आवश्यकता प्रतिपादित की। उन्होंने बताया कि बजट घोषणा के अनुरूप मेवाड़ भील कोर के लिए आवश्यक कार्यवाही की जा रही है। उन्होंने अभियोजन और एफएसएल में बेहतर समन्वय पर भी बल दिया। उन्होंने बीकानेर व भरतपुर में एटीएस की चौकी खोले जाने के प्रस्ताव भिजवाने के लिए निर्देशित किया।

गृहमंत्री ने बताया कि राजस्थान पुलिस में प्रशिक्षण व्यवस्था पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। गत 4 वर्षों में कुल 76 हजार 169 पुलिसकर्मियों को प्रशिक्षण दिया जा चुका है। आगामी पुलिस कांस्टेबल भर्ती को दृष्टिगत रखते हुए प्रशिक्षण की पूर्व तैयारियां की जा रही है। इसके लिए 5 हजार कांस्टेबल को बीएसएफ व 1 हजार को इन्डो-तिब्बत बॉर्डर पुलिस द्वारा प्रशिक्षण प्रदान कराए जाने की व्यवस्था की जा रही है। उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण के पूर्व में समाप्त किए गए 324 पदों का पुनरीक्षण करने के लिए वित्त विभाग को प्रस्ताव भिजवाया जाएगा।

समीक्षा बैठक में अतिरिक्त मुख्य सचिव गृह दीपक उप्रेती, महानिदेशक पुलिस ओ.पी. गल्होत्रा, गृह सचिव रोहित कुमार सहित वरिष्ठ पुलिस अधिकारी गण मौजूद थे।

liyaquat Ali
Sub Editor @dainikreporters.com, Provide you real and authentic fact news at Dainik Reporter.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *