ड्युटी और फर्ज के बीच प्रशिक्षु आईपीएस राणा ने कम समय में जीता आमजन का विश्वास

Tonk news (हरि शंकर माली)। कहतें है कि किसी में काम करने कि ललक और जिद हो तों शायद ही ऐसा कोई काम होगा जो ना मुमकिन हो, इसके लिए जरूरत है आत्मविश्वास की। ऐसी ही शख्सियत से हम आपका परिचय कराने जा रहे है। जिसने अपनी योग्यता व आत्मविश्वास दम पर भारतीय पुलिस सेवा को चुना और टोंक जिले के देवली क्षेत्र कि कानून व्यवस्था कि जिम्मेदारी बखुबी निभा रही है।

देवली वृत्ताधिकारी वंदिता राणा के अपने 2 महीने के कार्यकाल में ही अपने विभाग के कार्मिको के साथ अच्छे बर्ताव कि वजह से उनके काम करने कि क्षमता को दोगुना कर दिया। साथ ही क्षेत्र के लोगो की पुलिस से दुरी कम हुई। नतिजन पुलिस के प्रति आमजन में विश्वास बढा है।

वंदिता राणा के आने के बाद वृत्ताधिकारी कार्यालय में आने वाले हर पीडित कि शिकायत को सूनकर न्याय संगत कार्यवाही कि जाती है। आईपीएस राणा कहती है पीडित को न्याय मिले और गुनाहगार बख्शे ना जाए, साथ ही थाने या सर्किल आॅफिस में अपनी पीडा लेकर आने वाले पीडित व्यक्ति के साथ ऐसे पेश आयें जैसा हम अपने परिवार के सदस्यो के साथ पेश आते है।

आईपीएस राणा ने कम समय में ही अपने कुशल व्यवहार और कार्यशैली से बहुत बदलाव किया हैं जिससे आमजन खुश हैं। राणा ने अपना कार्यभार संभालते ही स्वच्छता पर विशेष ध्यान दिया। उन्होने कार्यालय परिसर की साफ सफाई करवाने के साथ कार्यालय परिसर में सीसी रोड़ का निर्माण भी करवाया। जो संभवतः ऐसा पहली बार देखने को मिल रहा हैं। प्रशिक्षु आईपीएस वंदिता राणा अपने क्षेत्र के पुलिस थानों का बराबर निरक्षण करती रहती है और अपराधों पर अंकुश लगाने, रात्री गश्त मजबूत करने, रिकार्ड संधारण पर भी अपना फोक्स रखती है। ट्राफिक व्यवस्था में सुधार के लिए लगातार प्रयासरत् है। इनकी कार्यशैली के सकारात्मक परिणाम सामने आये है।

क्या कहते हैं आमजन


आमजन का कहना है की प्रशिक्षु आईपीएस का कार्य सहरानीय है और प्रत्येक व्यक्ति कि बात सुनने के बाद पीडित को सन्तुष्टी पुर्वक जवाब दिया जाता हैं एवं राणा द्वारा पीड़ित कि फरियाद को सुना समझा जाता हैं। बताया जा रहा हैं कि आप महिला अपराध को लेकर काफी गंभीर है, आईपीएस वंदिता राणा रात्रि के समय स्वयं गश्त पर देखी गई हैंै। जिससे हम अधिक सुरक्षित महसूस करने लगे है।

क्या कहती हैं राणा


प्रशिक्षु आईपीएस राणा का कहना है की बढ़ते अपराधो पर अंकुश लगाना मेरी ड्यूटी और पीड़ित को राहत पहुंचाना मेरा फर्ज हैं। इन कार्यो के लिए में हमेशा तत्पर रहूंगी।