कोरोना पॉजिटिव आए मरीजों की कॉन्टेक्ट ट्रेसिंग कर सेम्पल की संख्या बढाए-गौरव अग्रवाल

Tonk News । टोंक जिला कलेक्टर गौरव अग्रवाल (Tonk District Collector Gaurav Agarwal) ने कहा कि कोरोना वायरस (COVID-19) की रोकथाम एवं बचाव के लिए सभी बीसीएमएचओ कोरोना पॉजिटिव आए मरीजों की कॉन्टेक्ट ट्रेसिंग कर सेम्पल की संख्या बढाएं। साथ ही सर्वे टीमों की मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जाए। सर्वे टीम शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्र में आईएलआई के लक्षण वाले मरीजों की ट्रेसिंग ठीक प्रकार से करें। सर्वे टीम निरन्तर पल्स ऑक्सीमीटर का उपयोग कर मेडिकल गाईडलाईन के अनुसार कार्य करें। जिला कलेक्टर मंगलवार को भारत निर्माण राजीव गांधी सेवा केन्द्र में वीडियो कॉन्फ्रंेसिंग के माध्यम से जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में मौजूद उपखण्ड अधिकारी एवं बीसीएमएचओ को आवश्यक दिशा निर्देश दे रहे थे।


जिला कलेक्टर ने कहा कि होम क्वारेंटाइन किए जा रहे मरीजों की मॉनिटरिंग की जाए। साथ ही उपखण्ड अधिकारी मास्क नहीं लगाने, सोशल डिस्टेंस का पालन नहीं करने एवं सरकार की गाईडलाईन का पालन नहीं करने वाले दुकानदारों एवं ग्राहकों के विरूद्ध चालान काटे जाए। इसकी रिपोर्ट प्रतिदिन जिला मुख्यालय पर दी जाए।


जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में विभिन्न पैरामीटर्स पर स्वास्थ्य सेवाओं में जिले की स्थिति का आकलन करते हुए जिला कलेक्टर ने सभी बीसीएमएचओ एवं चिकित्साधिकारियों को गर्भवती महिलाओं की एएनसी के 4 चैकअप शत प्रतिशत करने के निर्देश दिए। इसके लिए आशाओं की बैठक शीघ्र ली जाए। विशेष रूप से निवाई एवं टोंक शहरी को लक्ष्य प्राप्त करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि जहां-जहां संस्थागत प्रसव कम या नहीं हुए है,वहां मेडिकल ऑफिसर से कारण जानने के पश्चात ऑडिट कराई जाए। बालक-बालिका के सेक्स अनुपात में मालपुरा,टोडा और उनियारा को स्थिति में सुधार करने के निर्देश दिए।
जिला कलेक्टर ने जननी सुरक्षा योजना, राजश्री योजना में लाभार्थी को हुए भुगतान की प्रगति पर संतोष जताया। टीकाकरण कार्यक्रम में टोंक शहरी को लक्ष्य प्राप्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने वीडियों कॉन्फेंसिंग से जुडे सभी मेडिकल ऑफिसर से कहा की पीपीटी के माध्यम से दिखाई जा रही पीएचसी एवं सीएचसी की रैंकिंग के बिन्दुओं का आकलन वे स्वयं करें और जिन बिन्दुओं पर वे पिछडे हुए है,उसका कारण बताते हुए आगामी दिनों में इसे किस प्रकार इम्प्रुव किया जाएगा उसकी एक रिपोर्ट बनाकर प्रस्तुत करें।


जिला कलेक्टर ने सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पर एमआरएस फण्ड की जानकारी लेते हुए उस पैसे का उपयोग सीएचसी के विकास के लिए करने की कार्य योजना बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राजकीय अस्पताल आयुष्मान भारत स्वास्थ्य बीमा योजना में रोगियों का इलाज कर ज्यादा से ज्यादा क्लेम उठाएं। ताकि इस पैसे का उपयोग अस्पताल के विकास में किया जा सके।
बैठक में उपखण्ड अधिकारी नित्या के (आईएएस), मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.अशोक कुमार यादव, पीएमओ नवीन्द्र पाठक, डिप्टी सीएमएचओ डॉ.मेहबूब खांन सहित चिकित्सा विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद थे।