साल 2020 में एसीबी ने 363 मामले दर्ज कर 351 व्यक्तियों को किया गिरफ्तारः डीजी एसीबी

Jaipur News ।  भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने साल 2020 में भ्रष्टाचार में लिप्त मामलों में कार्रवाई करते हुए 363 भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के अन्तर्गत मामले दर्ज किए है। वहीं 253 ट्रेप की कार्रवाई को अंजाम देते हुए  351 व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया है। इन मामलो में राजस्व, पुलिस, पंचायत, उर्जा, स्वायत्त शासन विभाग, चिकित्सा आदि प्रमुख है।

ब्यूरो मुख्यालय में  वर्ष 2020 का वार्षिक प्रतिवेदन के बारे में बुधवार को पुलिस महानिदेशक भगवान लाल सोनी ने बताया कि एसीबी की ओर से वर्ष 2020 में 253 प्रकरण दर्ज किए गए, इनमें 64 मामले राजपत्रित अधिकारी एवं 186 मामले अराजपत्रित कर्मचारी एवं 3 मामले प्राईवेट व्यक्तियों के विरूद्ध दर्ज कर 351 व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया। इन मामलो में राजस्व, पुलिस, पंचायत, उर्जा, स्वायत्त शासन विभाग, चिकित्सा आदि प्रमुख है।

रिश्वत की मांग के 60 मामले दर्ज

पुलिस महानिदेशक ने कहा कि रिश्वत की मांग के कुल 60 मामले दर्ज किए गए। जिनमें 6 मामले राजपत्रित अधिकारी, 53 मामले अराजपत्रित कर्मचारी एवं 1 मामला प्राईवेट व्यक्ति के  खिलाफ दर्ज किया गया। इन मामलो में पुलिस, पंचायत, राजस्व, उर्जा एवं स्वायत्त शासन विभाग आदि प्रमुख हैं।

पद का दुरूपयोग के 34 मामले दर्ज

सोनी ने बताया कि पद के दुरूपयोग के 34 मामले दर्ज किए गए। जिनमें 15 मामले राजपत्रित अधिकारियों, 18 मामले अराजपत्रित कर्मचारियों एवं 1 प्रकरण प्राईवेट व्यक्ति के खिलाफ दर्ज किया गया। इन मामलों में पंचायत, नगरीय विकास, शिक्षा, खान एवं राजस्व विभाग आदि प्रमुख है।

आय से अधिक सम्पत्ति के 16 मामले दर्ज

वहीं आय से अधिक सम्पत्ति के 16 मामले दर्ज किए गए। जिनमें 8 मामले राजपत्रित अधिकारियों एवं 8 मामले अराजपत्रित कर्मचारियों के खिलाफ दर्ज किये गए। इन मामलों में राजस्व, पुलिस, स्वायत्त शासन, परिवहन आदि प्रमुख हैं। ब्यूरो ने वर्ष 2020 में सर्वाधिक 59 मामले पंचायती राज विभाग, 57 मामले राजस्व, 57 मामले पुलिस विभाग के अधिकारियों के खिलाफ दर्ज किए हैं। जिनमें
56 मामलों में विभिन्न न्यायालयों द्वारा भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के अन्तर्गत 71 आरोपितों को सजा सुनाई गई। जिनमें 61 लोक सेवक एवं 10 प्राईवेट व्यक्ति हैं। लोक सेवकों में से 6 राजपत्रित अधिकारी एवं 55 अराजपत्रित कर्मचारी हैं। एसीबी द्वारा 2020 में भ्रष्टाचारियों को सलाखों के पीछे कराने का 52.83 प्रतिशत रहा है।

भारत सरकार के 18 अधिकारियों के खिलाफ भी कार्रवाई 

अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक दिनेश एमएन ने बताया कि बड़े पैमाने पर संस्थागत भ्रष्टाचार के खिलाफ एसीबी की ओर से कार्रवाई की गई। जिसमें परिवहन विभाग, महर्षि दयानन्द विश्वविद्यालय व रसद विभाग कोटा में संगठित भ्रष्टाचार का खुलासा किया गया। उन्होंने कहा कि यदि राज्य सरकार या केन्द्र सरकार का कोई कर्मचारी और अधिकारी रिश्वत की मांग करे तो 1064 हैल्पलाईन पर शिकायत करें या व्हाट्स एप नम्बर 94135-02834 पर टैक्स्ट मैसेज, ऑडियो या वीडियो संदेश से अपनी शिकायत भेजें। भ्रष्टाचार के विरूद्ध सूचना देकर भ्रष्ट कर्मी को पकड़वाने पर एसीबी जायज कार्य करवाने में पूर्ण सहयोग करेगा।