जल्द समय आना वाला है पीएम नरेंद्र मोदी व गृृहमंत्री अमित शाह की गलतफहमी दूर हो जाएगी – अशोक गहलोत 

पूर्व उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट ने कहा कि केन्द्र सरकार घमंड व अहम में चूर है। सरकार कृषि बिलों को वापस लेने में अपनी हार समझ रही हैं

Jaipur News । मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि भाजपा देश को हिन्दू-मुस्लिम के नाम पर बांट रही है। हमारे देश का एक भी मुसलमान किसी आतंकवादी गतिविधि में गुजरे सालों में कश्मीर में नहीं पकड़ा गया। यह देश सर्वधर्म समभाव में यकीन करता है। देश का किसान बहुत समझदार है, इसलिए शांति के साथ प्रदर्शन कर रहा है। किसान उद्वेलित हो गया तो पीएम मोदी व अमित शाह की गलतफहमी दूर हो जाएगी।
मुख्यमंत्री गहलोत रविवार शाम शहीद स्मारक पर प्रदेश कांग्रेस की ओर से आयोजित किसानों के समर्थन में धरने को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार को लगता है कि जैसे-जैसे समय गुजरेगा, किसान आंदोलन खत्म हो जाएगा। 40 दिनों के बाद भी जिस तरह से आंदोलन चल रहा है, उससे आने वाले समय में पीएम नरेंद्र मोदी व गृृहमंत्री अमित शाह की गलतफहमी दूर हो जाएगी। नोटबंदी, जीएसटी समेत उनके हर फैसले बिना सोचे-समझे हो रहे हैं। आजादी के बाद 70 सालों में कांग्रेस ने देश के लिए जो कुछ किया, उसे भुलाकर मोदी सरकार कांग्रेस को खत्म करने की बात करती है।
उन्होंने कहा कि देश को हिन्दू राष्ट्र बनाना असंभव है। आजादी के बाद से कभी देश को बांटने की राजनीति नहीं हुई लेकिन इन्होंने सत्ता में आते ही देश को बांटने की राजनीति शुरू कर दी। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ने इस बार किसानों से सीधे टकराव लिया है। यह उन्हें भारी पड़ेगा। देश में लोकतंत्र की धज्जियां उड़ रही है। हम बॉर्डर पर भी जा सकते हैं लेकिन हमें पार्टी के सिद्धांतों ने रोक रखा है। हमारे कृषि संशोधन बिल राजभवन ने रोक रखे हैं। यदि वे सलेक्ट कमेटी के पास जाते तो परिणाम निकल कर आते।
प्रदेशाध्यक्ष गोविन्द सिंह डोटासरा ने कहा कि मोदी सरकार अपने पूंजीपति मित्रों को फायदा पहुंचाने की नीयत से कृषि बिल लेकर आई है। अब वे कह रहे हैं कि यह किसानों के हित में है। अगर ऐसा है तो फिर आंदोलन के दौरान किसानों की मौतों पर उनकी सरकार चुप क्यों है। उनकी सरकार का एक भी नुमांइदा इन बिलों के फायदे बताने को तैयार नहीं है। पीएम मोदी ‘मन की बात’ तो करते है लेकिन काम की बात कभी नहीं करते है। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी फकीर नहीं हैं लेकिन पूंजीपति मित्रों के वजीर बन गए हैं।
पूर्व उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट ने कहा कि केन्द्र सरकार घमंड व अहम में चूर है। सरकार कृषि बिलों को वापस लेने में अपनी हार समझ रही हैं, जबकि बिल वापस लेने में सरकार का ही कद बढ़ेगा। जब तक केन्द्र सरकार बिल वापस नहीं लेती, तब तक हम किसानों के साथ खड़े रहेंगे।
धरने के दौरान किसान आंदोलन में मारे गए किसानों तथा पूर्व केन्द्रीय गृहमंत्री सरदार बूटासिंह को 2 मिनट का मौन रखकर श्रद्धाजंलि दी गई। धरने को विधायक संयम लोढ़ा, कृषि मंत्री लालचंद कटारिया, हरीश चौधरी, परिवहन मंत्री प्रतापसिंह खाचरियावास समेत कई वक्ताओं ने संबोधित किया।