रेलवे अब दस महीनों बाद कराएगा ‘भगवान के दर्शन’, जनवरी में चलेगी देवदर्शन स्पेशल ट्रेन

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Bikaner News। वैश्विक कोरोना महामारी के बीच पहले लॉकडाउन और फिर बाद में लगे अनलॉक में मिली छूट के बाद अब रेलवे जनवरी-2021 में देवदर्शन स्पेशल ट्रेन चलाएगा। यह ट्रेन धार्मिक स्थलों की सैर यात्रियों को कराएगी। 11 दिनों के सफर में ट्रेन जयपुर से 6 जनवरी को रवाना होगी और वापिस 17 जनवरी को जयपुर लौट जाएगी। दस महीनों बाद रेलवे ने ‘भगवान के दर्शन’ कराने के लिए INDIAN RAILWAY CATERING AND TOURISM CORPORATION LTD {आईआरसीटीसी} ने टिकटों की बुकिंग भी शुरु कर दी है। देश में यह पहला मौका था जब कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए प्रभावी लॉकडाउन के बाद रेलगाडिय़ों के संचालन पर रोक लगी और अब धीरे-धीरे छूट के बाद संचालन पुन: शुरु हो रहा है और धार्मिक स्थल भी खुल रहा है।

आईआरसीटीसी क्षेत्रीय कार्यालय जयपुर के संयुक्त महाप्रबंधक पर्यटन योगेंद्र सिंह गुर्जर ने गुरुवार को ‘हिन्दुस्थान समाचार’ को बताया कि इस ट्रेन में स्लीपर के साथ-साथ पहली बार थ्री एसी के डिब्बे भी लगाए जायेंगे। यह ट्रैन 6 जनवरी को सुबह जयपुर रेलवे स्टेशन से रवाना होने के बाद अलवर, रेवाड़ी, दिल्ली सफदरजंग, गाजियाबाद, मुरादाबाद, बरेली तथा लखनऊ से यात्री सवार हो सकेंगे तथा इस यात्रा की अवधि 11 रात और 12 दिन की है। इसके लिए इस ट्रैन की बुकिंग सुविधा आईआरसीटीसी की वेबसाइट www.irctctourism.com पर उपलब्ध है।
आईआरसीटीसी के क्षेत्रीय प्रबंधक सुनील तरनेजा ने बताया कि इस यात्रा के दौरान नाश्ता, भोजन, गंतव्य स्टेशन पर धर्मशाला में रहने तथा स्टेशन से धर्मशाला तक बस से लाने व ले जाने की व्यवस्था आईआरसीटीसी द्वारा की गयी है। इस ट्रैन का किराया स्लीपर श्रेणी में 11,340/- प्रति वयक्ति तथा थ्री एसी श्रेणी में 18,900/- प्रति व्यक्ति रखा गया है, जो कि अब तक किसी भी संस्था द्वारा लिए गए कीमत से न्यूनतम कीमत है।
11 दिन के सफर में यहां होंगे दर्शन
देवदर्शन स्पेशल ट्रेन में जिन स्थलों का भ्रमण करवाया जायेगा, उनमें अयोध्या स्थित राम लला, हनुमान गडी, कानन भवन मंदिर दर्शन, वाराणसी में तुलसी मानस मंदिर, संकट मोचन मंदिर, काशी विश्वनाथ मंदिर दर्शन, बैद्यनाथ में जसीडीह, बैद्यनाथ ज्योतिर्लिंग दर्शन, पुरी के भगवान जग्गनाथ मंदिर, सूर्य मंदिर कोणार्क तथा लिंगराज मंदिर (भुवनेश्वर) दर्शन, तिरुपति (रेनिगुंटा)के तिरुपति बालाजी दर्शन, मल्लिकार्जुन में मल्लिकार्जुन ज्योतिर्लिंग दर्शन शामिल है।