देश में विश्व स्तरीय तैराकी कोचिंग एजुकेशन की होगी व्यवस्था, राजस्थान के सभी तैराकों व कोच का पंजीकरण जरूरी- व्यास

Bhilwara news । राजस्थान के सभी तैराकों व कोच के लिए स्विमिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया के एसएफआई जीएमएस पोर्टल पर पंजीकरण प्रांरभ कर दिया गया है। देश भर के तैराकों को यह पंजीकरण अनिवार्य रूप से सभी को कराना होगा। ऐसा न होने पर किसी भी तैराकी की प्रतियोगिता में वह तैराक व कोच भाग नहीं ले सकेगा। 31 दिसंबर 20 तक पंजीकरण निशुल्क किया जा रहा है। सभी का पंजीकरण होने से प्रतिस्पर्धाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित हो सकेगी।
राजस्थान तैराकी संघ के अध्यक्ष व स्विमिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया के वाईस प्रसिडेंट अनिल व्यास ने पत्रकारों को बताया कि स्विमिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया की ओर से ऑन लाइन पंजीकरण वर्तमान में एसएफआई जीएमएस पोर्टल पर सत्र 2020-21 के लिए खुला है। वर्तमान में यह पंजीकरण निशुल्क है तथा 31 दिसंबर 20 के बाद पंजीकरण को सशुल्क कर दिया जायेगा। इसके लिए राजस्थान की सभी जिला इकाईयों को सूचित कर दिया गया है ताकि वो क्षेत्र के तैराकों व कोच को पंजीकरण के लिए उत्प्रेरित कर सकें।
अनिल व्यास ने बताया कि प्रत्येक तैराक व कोच का एसएफआई द्वारा पंजीकरण के बाद यूनिक आईडी कार्ड जारी किया जायेगा जिससे किसी भी प्रतियोगिता के रिकार्ड संधारण व इवेंट आयोजित करने में कोई भी वैधानिक परेशानी का सामना किसी भी यूनिट को नहीं करना पड़ेगा तथा सभी तैराकों का पंजीकरण होने पर बार बार डाक्यूमेंट लेने की समस्या से भी निजात मिलेगी। पंजीकरण के समय तैराक का पूरा बायोडेटा व उसके द्वारा अर्जित की गई उपलब्धियों का ब्योंरा भी उसी में मिलेगा।
अनिल व्यास ने बताया कि एसएफआई द्वारा मान्यता प्राप्त जिला, राज्य और राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में प्रतिस्पर्धा करने वाले तैराकों को एसएफआई पोर्टल पोर्टल पर पंजीकृत होना आवश्यक हो गया है। जिस वर्ष वे भाग ले रहे हैं, उसके लिए एक मान्य एसएफआई विशिष्ट पहचान संख्या (यूआईडी) होना आवश्यक है। सभी आयु वर्ग के पंजीकृत खिलाड़ियों को यूआईडी और सभी प्रासंगिक खिलाड़ी जानकारी के साथ एक डिजिटल आईडी कार्ड प्राप्त होगा।
अनिल व्यास ने बताया कि पंजीकरण के बाद तैराकी को केवल यूआईडी के आधार पर ट्रैक किया जाएगा और एसएफआई और संबद्ध इकाइयों के साथ भविष्य के सभी इवेंट व आयोजनों के लिए आवश्यक होगा। पंजीकृत उपयोगकर्ताओं को खोज परिणाम, रैंकिंग आदि तक पहुंच भी इससे आसानी होगी। तैराक के यूआईडी केरियर में समान होगा लेकिन पंजीकरण का वार्षिक नवीकरण अनिवार्य होगा।

देश में विश्व स्तरीय तैराकी कोचिंग एजुकेशन की होगी व्यवस्था

स्विमिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया के वाईस प्रसिडेंट अनिल व्यास ने बताया कि एसएफआई ने आस्ट्रेलियाई कंपनी मोरगोल्ड स्पोर्स्टस के साथ साझेदारी कर देश में विश्व स्तरीय तैराकी कोचिंग एजुकेशन को विकसित करने की योजना बनायी है। यह साझेदारी देश में तैराकी कोचिंग को विकसित करने में मील का पत्थर साबित होगी। यह तैराकी कोचिंग को विकसित करेगा।
अनिल व्यास ने बताया कि एसएफआई में पंजीकृत कोचों को एसएफआई कोच शिक्षा-विकास प्रमाणन मार्ग के माध्यम से मान्यता दी जाएगी। राष्ट्रीय चौंपियनशिप में डेक का उपयोग केवल वैध पंजीकरण (यूआईडी) और आईडी कार्ड के साथ कोचों के लिए उपलब्ध होगा। वैध पंजीकरण (वार्षिक नवीनीकरण) और एसएफआई स्तर के प्रमाणीकरण वाले कोचों को अपने प्रमाणन स्तर और विकास की जरूरतों के अनुसार मानार्थ वेबिनार और ऑनलाइन कोच विकास संसाधनों से भी जोड़ा जायेगा। पंजीकृत कोचों को कार्यशालाओं और प्रशिक्षण के लिए कोच विकास के लिए एसएफआई द्वारा यह प्रयास किया गया है। इसके लिए लेवल 1 से 5 तक का ऑनलाइन व आफलाइन प्रशिक्षण होगा।
अनिल व्यास ने बताया कि इस कोच प्रशिक्षण के लिए राजस्थान से चार कोच महिपाल सिंह, लालसिंह, नवरतन अग्रवाल व योगेश बघेरवाल का चयन किया जाकर उनके नाम एसएफआई को प्रस्तावित किये गये है। व्यास ने बताया कि नोर्दन इंडिया का प्रशिक्षण शिविर शाहपुरा जिला भीलवाड़ा में कराने के लिए राज्य इकाई ने अपना प्रस्ताव एसएफआई को दिया है। जिसमें आस्ट्रेलिया के प्रशिक्षक सेवाएं देगें।