लिपिक व संविदा कार्मिक ने बीसीएमओ के हस्ताक्षर कर दिया चिकित्सक को नोटिस, बना दी जांच कमेटी

दोनो को सीएमएचओ ने किया एपीओ

Bhilwara news  । आज तक सरकारी नियमो मे हमेशा देखने व पढने को मिला होगा की अधिकारी ने अपने संबंधित कार्मिक को नोटिस जारी किया और उसके खिलाफ शिकायत पर जांच कमेटी बनाई लेकिन जिले मे आज राजस्थान मे पहली बार ऐसा चिकित्साविभाग मे घटित हुआ जब एक संविदा कार्मिक और एक कनिष्ठ सहायक( लिपिक) ने ब्लाॅक मुख्य चिकित्सा अधिकारी ( बीसीएम) के सरकारी लेटरहैड व पदनाम से कार्यवाहक चिकित्सा प्रभारी को बीसीएमओ पदनाम पर इन दोनो ने हस्ताक्षर कर नोटिस जारी कर एक जांच कमेटी तक गठित कर दी ।
सूत्रों के अनुसार कोटडी ब्लाॅक मे बीसीएमओ डाॅ सुनील सोनी के एपीओ होने के ब्द से पद रिक्त चल रहा है ।

इस पद टर सीएमएचओ डाॅ मुश्ताक खान ने राकेश पाण्डया को कार्यवाहक बीसीएमओ लगाया लेकिन डाॅ सोनी कोर्ट से स्टे ले आए लेकिन तकनीकी रूप से चिकित्सा विभाग के आदेशानुसार उनको जयपुर ज्वाइनिंग देनी थी उर वह कोटडी बीसीएमओ पद पर आकर बैठ गए तो मुख्यालय के आदेश से सीएमएचओ ने डाॅ सोनी को जयपुर रवाना कर दिया तब से बीसीएमओ का पद अभी खाली है ।

क्या है मामला

ब्लॉक के phc आमा के चिकित्सा अधिकारी प्रभारी डॉ राकेश पांडेय जो अभी खंड मुख्य चिकित्सा अधिकारी कोटड़ी का अतिरिक्त कार्यभार भी संभाल रहे है को phc पर मरीजो द्वारा सोशल डिस्टेन्स का पालन नही करवाने को लेकर एक शिकायत होने पर उनके खिलाफ कार्रवाई का अधिकार सीएमएचओ को है लेकिन कोटडी के (BPM) ब्लाॅक प्रोग्रामर मैनेजर के पद टर संविदा पर लगे रमेश धाकड व कनिष्ठ सहायक (बाबू) परमेश ने राकेश पाण्डया को बीसीएमओ के लेटरहैट पर उनके पदनाम पर हस्ताक्षर कर

कारण बताओ नोटिस दिया है । यही नही इन दोनो ने डाॅ पाण्डया के खिलाफ जांच के लिए 3 चिकित्सो की कमेटी बना उनको भी आदेश जारी कर दिए ।

चिकित्सको मे घटना को लेकर आक्रोश

एक संविदा कर्मी व एक लिपिक जो कि किसी भी तरह से अधिकृत नही है अपने अधिकारी को नोटिस देने हेतु अपनी अधिकार क्षेत्र के बाहर जाकर चिकित्सक दिवस पर एक डॉक्टर को बीसीएमओ।

लिपिक व संविदा कार्मिक ने बीसीएमओ के हस्ताक्षर कर दिया चिकित्सक को नोटिस, बना दी जांच कमेटी 1

कोटड़ी के लेटर पैड से कारण बताओ नोटिस देने और ऊपर से इतनी हिमाकत की खुद ने ही जांच कमेटी भी बना दी इस घटना को लेकर सभी चिकित्सकों ने इसकी निंदा करते हुए इसे अपनी मर्यादा और अधिकार क्षेत्र के बाहर जाकर नोटिस देना चिकित्सा विभाग के लिये न केवल कलंकित कर देना वाला है बल्कि राजकार्य के नियमो की धज्जियां उड़ाने वाली घटना बताई और सीएमएचओ डाॅ मुश्ताक खान से मिलकर इन दोनो के खिलाफ कार्रवाई की मांग की ।

 

इनकी जुबानी

यह मामला आज का ही है और अभी शाम को मेरे संज्ञान मे आया तथा चिकित्सक साथी भी आए और बताया चूंकि संविदा कर्मी और लिपिक ने राजकीय सेवा नियमो का उल्लंघन किया है और दोषी होने से उन्हे तत्काल एपीओ करते हुए उनके खिलाफ विभागीय कार्यवाही की जाएगी

डाॅ मुश्ताक खान
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी भीलवाड़ा